gas acidity symptoms
gas acidity symptoms

Gas Acidity Treatment in Hindi || गैस बनने का कारण व निवारण:

पेट में गैस बनने की समस्‍या एक आम समस्‍या है। लगभग हर व्‍यक्ति के शरीर में गैस बनती है। गैस, डकार या गुदा मार्ग से निकलती है। गुदा मार्ग से निकलने वाली गैस को गैस पास करना यानि फर्टिंग कहते हैं।

अधिकांश लोग गैस की समस्या से आए दिन परेशान नज़र आते हैं. लेकिन लोग इस समस्या को मामूली समझकर इसे नज़रअंदाज़ कर देते हैं. कई बार पेट में गैस होने की वजह से भूख की कमी, सीने में दर्द, सांस लेने में परेशानी और पेट फूलने जैसी समस्याएं होने लगती हैं।

gas acidity symptoms

पेट की गैस के कारण:

  • शराब पीने से भी पेट में गैस बनती है।
  • देर रात तक जागने से।
  • ज्यादा मीठा खाने से।
  • मिर्च-मसाला या तली-भुनी चीजें ज्यादा खाने से।
  • देर रात तक जागना।
  • पानी कम पीना।
  • भूखे रहने से, खाली पेट भी गैस बनने का प्रमुख कारण है।
  • गोभी, चावल आदि का अधिक सेवन करना।
  •  किसी बीमारी के दौरान एंटीबायोटिक्स दवाइयां लेते हैं जिसके साइड इफेक्ट्स होने के कारण।
  • परिश्रम न करना के कारण।
  • क्रोध, चिंता जैसे मानसिक कारण।
  • अत्यधिक भोजन करना।

पेट की गैस के लक्षण:

  • पेट में गैस भरी हुई मालूम होना।
  • आलस्य व थकावट, सिर दर्द।
  • भूख कम लगना, दिल की धड़कन बढ़ना।
  • गैस के कारण सीने में दर्द।
  • छाती में जलन, सिर चकराना।
  • डकारें आना।
  • पेट में दर्द होना।

पेट की गैस के उपचार:

  • अदरक के रस में शहद मिलाकर पिएं।
  • त्रिफला पाउडर को दूध में मिलाकर पिएं।
  • गुनगुने पानी में निम्बू निचोड़ कर पिएं।
  • गाजर का रस पीने से रक्त की अशुद्धि और पेट की गैस दूर होती है।
  • इस समस्या को दूर करने के लिए दूध में काली मिर्च मिलाकर ले सकते हैं।
  • एक कप पानी में आधा निम्बू का रस और एक चम्मच शहद मिलाकर पिएं।
  • एसिडिटी होने पर एलोवेरा जूस पिएं।
  • नारियल का पानी दिन में तीन बार पियें। इससे सारा कष्ट मिट जाएगा।
  • हरे साग जैसे बथुआ, पालक, सरसों का साग खाएं।
  • खीरा, ककड़ी, गाजर, चुकंदर भी इस रोग को शांत रखते हैं। इन्हें कच्चा खाना चाहिये।

तो दोस्तों आज की यह पोस्ट केसी लगी कमेन्ट करके जरुर बताना धन्यवाद् |

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here